Showing posts with label Price. Show all posts
Showing posts with label Price. Show all posts

Thursday, 12 May 2016

राफेल: फ्रांस ने ऑफर की अब तक की सबसे कम कीमत, क्या बनेगी बात?

पिछले कुछ महीनों से कीमतों के मुद्दे पर अटकी पड़ी 36 राफेल लड़ाकू विमानों की डील जल्द ही आगे बढ़ सकती है। टाईम्स ऑफ इंडिया के अनुसार, फ्रांस ने इस डील के लिए भारत के सामने अब 7.25 बिलियन यूरो का नया ऑफर पेश किया है। राफेल विमानों के लिए फ्रांस द्वारा ऑफर की गई इस कीमत को अब तक की सबसे कम कीमत कहा जा रहा है। हालांकि हथियारों के एक पैकेज के लिए अलग से बातचीत की जानी है।

इस सौदे में शामिल अधिकारियों ने ईटी को बताया कि फ्रांस द्वारा पेश किए गया यह नया ऑफर तब आया है जब दो सप्ताह पहले ही फ्रांस ने राफेल को लेकर अंतिम कीमतें ऑफर की थी। 8.8 बिलियन से यूरो से घटाई गई इस कीमत को पर्याप्त माना जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि बातचीत को तभी आगे बढ़ाया जा सकता है जब भारत सरकार इस ऑफर पर कुछ प्रतिक्रिया दे। दोंनों पक्ष लड़ाकू विमानों के पांच साल के रख-रखाव पैकेज पर भी बात कर रहे हैं, जिसे 10 से घटाकर 5 कर दिया गया है। सूत्रों का कहना है कि हथियारों के पैकेज पर अलग से हस्ताक्षर किए जाएंगे।

21 अप्रैल को रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने कहा था कि राफेल डील की प्रक्रिया अग्रिम चरण में है और हमारी कोशिश है कि इसे जल्द से जल्द पूरा किया जाए। डील को पहले रक्षा मंत्रालय से मंजूरी मिलनी है तत्पश्चात् इसे कैबिनेट के समक्ष रखा जाएगा। 36 राफेल लड़ाकू विमानों के लिए फ्रांस द्वार ऑफर की गई 7.25 बिलियन यूरो की नई कीमत में समायोजन की शर्तें भी शामिल होंगी जिन्हें डेसॉल्ट और थालेज जैसी फ्रांसिसी कंपनियों में देखती हैं जो भारत के रक्षा और सुरक्षा क्षेत्र में निवेश कर रही हैं। Read more http://www.jagran.com/

Monday, 4 November 2013

Govt hikes onion MEP to $1,150/tonne to Check Prices

Government

नई दिल्ली। घरेलू बाजार में प्याज की ऊंची कीमत को नियंत्रित करने के लिए सरकार ने इसके न्यूनतम निर्यात मूल्य (एमईपी) को बढ़ाकर 1,150 डॉलर प्रति टन कर दिया है। यानी इससे कम दाम पर इसका निर्यात नहीं किया जा सकता है। इससे पहले 19 सितंबर को इसका एमईपी बढ़ाकर 900 डॉलर प्रति टन किया गया था। विदेश व्यापार महानिदेशालय ने इस संबंध में सोमवार को अधिसूचना जारी की है।
हाल के महीनों में यह तीसरी बार है, जब निर्यात पर अंकुश लगाने के लिए एमईपी में बढ़ोतरी की गई है। प्याज कारोबारियों का कहना है कि ताजा वृद्धि से सिर्फ मनोवैज्ञानिक प्रभाव पड़ेगा, क्योंकि विदेशी बाजार के मुकाबले घरेलू बाजार में ही फसल का बेहतर दाम मिल रहा है। ऐसे में निर्यात लगभग नगण्य है। देश के ज्यादातर हिस्सों में यह अब भी 60-70 रुपये किलो बिक रहा है। 

गौरतलब है कि पिछले महीने हुई बारिश से नई फसल को नुकसान पहुंचा है, जिससे आपूर्ति प्रभावित हुई है। आपूर्ति बढ़ाने के लिए केंद्र सरकार ने प्याज आयात में तेजी लाने सहित कई कदम उठाए हैं।

Source- News in Hindi