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Tuesday, 5 November 2013

Cleric who issued fatwa against Taslima Nasreen may campaign for Arvind Kejriwal


taslima nasreen

बरेली [जासं]। ऑल इंडिया इत् तेहाद-ए-मिल्लत काउंसिल और आम आदमी पार्टी (आप) के बीच सियासी रिश्ता जुड़ने से पहले ही तलाक की नौबत दिख रही है। भाजपा ने मौलाना तौकीर रजा खां पर 2010 में दंगे के आरोप में जेल जाने और बांग्लादेश की विवादास्पद लेखिका तसलीमा नसरीन का सिर कलम किए जाने संबंधी बयान को लेकर निशाना साधा है। इस मुद्दे पर मौलाना के साथ आम आदमी पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल की भी घेराबंदी हो रही है। दिल्ली में केजरीवाल तो बरेली में मौलाना ने सफाई दी है।

आप के संयोजक केजरीवाल पहली नवंबर को बरेली आए थे। उन्होंने मौलाना तौकीर रजा खां के दरगाह आला हजरत स्थित घर जाकर दिल्ली विधानसभा के चुनाव में उनका साथ मांगा था। मौलाना ने भी हां कर दी। अब आकर दोनों के बीच इस मुलाकात का मामला तूल पकड़ गया है। भाजपा की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया आ रही है। 2010 के दंगे में जेल जाने को लेकर भाजपा उन्हें समाज विरोधी बताने की कोशिश में लग गई है। उसकी तरफ से यह भी बताने के प्रयास हो रहे हैं कि यह वही मौलाना हैं, जिन्होंने 2003 में बंगलादेश की लेखिका तसलीमा नसरीन का सिर कलम करके लाने वाले को इनाम की घोषणा की थी। रकम इतनी बड़ी थी कि उसको लेकर भी लोगों ने हैरानी जताई थी।

इन्हीं तमाम आरोपों पर केजरीवाल और मौलाना तौकीर को सफाई देने पर मजबूर कर दिया है। चूंकि आप पार्टी का यह पहला चुनाव है, जिसे बेईमानी-भ्रष्टाचार को मुद्दा बनाकर बेदाग छवि के उम्मीदवारों के बूते लड़ा जा रहा है। ऐसे में मौलाना तौकीर और अरविंद केजरीवाल में सियासी रिश्ता कायम रह पाना मुश्किल होगा। कोई दोराय नहीं कि रिश्ता जुड़ने से पहले तलाक हो जाए।

मौलाना की सफाई
दंगे के इल्जाम में पुलिस ने मुल्जिम जरूर बनाया था, लेकिन बाद में धारा 169 के तहत बेगुनाह बताकर रिहा कर दिया था। रहा सवाल बांग्लादेश की विवादास्पद लेखिका तसलीमा नसरीन से जुड़े सवाल का तो यह फैसला मेरी अगुवाई में वाले पर्सनल लॉ बोर्ड का था। सभी ने इस बात पर नाराजगी जताई थी कि तसलीमा के लिए उसके अपने मुल्क के दरवाजे बंद हो चुके तो हिंदुस्तान में पनाह नहीं देना चाहिए। 

भाजपा पर बरसे
मौैलाना तौकीर रजा खां ने दंगे इत्यादि के आरोप को लेकर गुस्सा निकाला। उन्होंने मांग उठाई कि चुनाव आयोग को भाजपा पर पाबंदी लगा देना चाहिए इसलिए क्योंकि इस पार्टी की बदौलत मुल्क एक और बंटवारे की तरफ बढ़ रहा है। 

कौन हैं मौलाना
आला हजरत खानदान से ताल्लुक रखने वाले मौलाना तौकीर रजा खां ने आल इंडिया इत्तेहादे मिल्लत काउंसिल के नाम से अपनी पार्टी बना रखी है। पिछले विधानसभा चुनाव में पार्टी ने खाता भी खोला था। 2010 में ईदमिलादुन्नबी के जुलूस में बवाल के बाद भड़के दंगे में उन्हें जेल भेज दिया गया था। तसलीमा नसरीन से जुड़े बयान को लेकर भी विवादों में रहे।

Source- News in Hindi

Monday, 4 November 2013

Arvind is Honest, but not Capable to Change the Indian Politics

baba ramdev

रेवाड़ी, [महेश कुमार वैद्य]। एक वक्त था जब योग गुरु बाबा रामदेव खुद देश को नया विकल्प देकर उसका नेतृत्व करने को तैयार थे परंतु अब उनकी उम्मीदें मोदी (भाजपा पर नहीं) पर टिकी हुई हैं। उनसे जब इरादा बदलने के कारण पूछे गए तो उन्होंने कहा कि 'मैं एक नई आदर्श राजनीतिक व्यवस्था बनाने की जरूरत पर कायम हूं, परंतु बदले इरादे को अभी राज ही रखना चाहता हूं।'
वह यहां दीपावली मनाने आए थे और दैनिक जागरण से खास बातचीत कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य सत्ता नहीं व्यवस्था परिवर्तन है। 'आप' के संस्थापक अरविंद केजरीवाल ईमानदार हैं, लेकिन व्यवस्था परिवर्तन में समर्थ नहीं हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि अब मोदी में ही (भाजपा में नहीं) अपने मुद्दों को पूरा होने की उम्मीद देख रहे हैं।

उन्होंने बताया कि उनकी शर्तो को मानने के लिए केवल मोदी ही तैयार हुए। देश के बाहर व भीतर का काला धन सरकारी खजाने में वापस लाने जैसी उनकी कई मांगे थीं। अपने पिछले एलान से पलटते हुए उन्होंने कहा कि उन्हें संन्यासी का धर्म निभाते हुए खुद किसी राजनीतिक विकल्प का नेतृत्व नहीं करना है। यदि कांग्रेस उनकी बात मान लेती तो कांग्रेस से भी कोई विरोध नहीं होता।

उन्होंने बताया कि मोदी ने उनकी शत प्रतिशत बातें मानी है। लोक सभा चुनावों में भाजपा के घोषणापत्र में काला धन सहित उनके सभी मुद्दे शामिल होंगे। प्रदेश में भी एक नया गठबंधन सामने आ सकता है। 

यूपीए हो या एनडीए या फिर तीसरा मोर्चा की बात करने वाले राजनीतिक दल, जनता की कसौटी पर कोई भी राजनीतिक पार्टी खरी नहीं उतर पा रही है। यदि राजनीतिक दलों ने जल्दी ही कालेधन तथा भ्रष्टाचार जैसे मुद्दों पर मजबूती नहीं दिखाई तो मैं देश को नया विकल्प देने की पहल करूंगा तथा खुद इस नए विकल्प का नेतृत्व करूंगा।'
-बाबा रामदेव (28 मई 2012 को))

Source- News in Hindi