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Friday, 6 February 2015

दिल्ली में अराजकता और सुशासन के बीच चुनावः जेटली

भाजपा के वरिष्ठ नेता अरुण जेटली ने कहा है कि दिल्ली में चुनाव अराजकता और सुशासन के बीच है। यह फैसला जनता को करना है कि वह किसे चुनती है। उन्होंने कहा कि हम केंद्र में बेहतर सरकार दे रहे हैं। आम आदमी पार्टी के बारे में उन्होंने कहा कि यह पार्टी सचिवालय से कंफर्टेबल सड़कों पर महसूस करती है। इस बात को दिल्ली के लोगों ने आप की पिछली सरकार के दौरान अच्छी तरह से महसूस किया होगा।
वित्तमंत्री अरुण जेटली ने कहा कि हमें पूरा विश्वास है कि दिल्ली में हमारी पार्टी की ही सरकार बनेगी।
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इमाम बुखारी की अपील, 'आप' का समर्थन करें मुस्लिम

जामा मस्जिद के शाही इमाम सैयद अहमद बुखारी ने सभी मुस्लिमों से अपील की है कि वे दिल्ली विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी के उम्मीदवारों का समर्थन कर प्रदेश में एक धर्मनिपेक्ष सरकार बनवाएं। दिल्ली में सात फरवरी को विधानसभा चुनाव हैं।

इमाम बुखारी की अपील का दिल्ली के विधानसभा चुनाव के परिणामों का क्या प्रभाव पड़ेगा यह तो दस फरवरी को सामने आ जाएगा। लेकिन इस अपील से यह साफ हो गया है कि इमाम बुखारी और कांग्रेस के बीच सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है। इमाम बुखारी ने साल 2014 में हुए लोकसभा चुनावों में कांग्रेस का समर्थन किया था। लेकिन अब इमाम बुखारी का कहना है कि आम आदमी पार्टी दिल्ली में धर्मनिपेक्ष सरकार बना सकती है।

आम आदमी पार्टी को इमाम बुखारी का समर्थन मिला है। वहीं डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत राम रहीम ने भाजपा का साथ देने का ऐलान किया है। रामरहीम का कहना है कि उनके दिल्ली में 10 लाख मतदाता हैं, जो घर-घर घूम कर भाजपा के पक्ष में वोट डालने के लिए लोगों से अपील करेंगे।

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भाजपा-आप में कांटे की टक्‍कर, किसी भी तरफ जा सकता है पलड़ा

दिल्ली में सत्ता की लड़ाई बेहद दिलचस्प मोड़ पर आ खड़ी हुई है। भाजपा और आम आदमी पार्टी के बीच मुख्य लड़ाई है लेकिन कांग्रेस भी इसे त्रिकोणीय बनाने को लेकर एड़ी-चोटी का जोर लगा रही है। मतदान से एक दिन पहले क्या है दिल्ली चुनाव का समीकरण, जानते हैं दैनिक जागरण के राष्ट्रीय ब्यूरो प्रमुख राजकिशोर से...
भारतीय जनता पार्टी की असली चुनौती अपने समर्थकों को घर से बाहर निकालने की है। क्योंकि पहले भी देखा गया है कि जब कभी पार्टी अति आत्मविश्वास का शिकार हुई तो हारी है और सर्तक रही है तो खोई जमीन पाई है। पिछले आठ-दस दिनों में देखा गया है कि भाजपा ने दिल्ली चुनाव में अपने सारे घोड़े खोल दिए। कई केंद्रीय मंत्री, सांसद, संगठन के वरिष्ठ नेता और स्वयं प्रधानमंत्री ने भी सभाएं कीं। अंतिम समय में संघ को भी मैदान में कूदना पड़ा।
जैसा कि पहले भी हम देखते आए हैं आप के समर्थक मुखर होते हैं और खुलकर मतदान के लिए आते हैं लेकिन भाजपा के साथ ऐसी बात नहीं है। लोकसभा चुनाव की तरह पार्टी कार्यकर्ता उतने ऊर्जावान नहीं दिखाई पड़ रहे हैं। जबकि आप के कार्यकर्ता पिछले छह-सात महीने से क्षेत्र में पसीना बहा रहे हैं। भाजपा कार्यकर्ताओं के शिथिल पड़ने की बड़ी वजह किरण बेदी की मुख्यमंत्री पद की उम्मीदवारी मानी जा रही है।
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Thursday, 5 February 2015

अब नूपुर शर्मा ने केजरीवाल को दी बहस की चुनौती

भारतीय जनता पार्टी(भाजपा) की नई दिल्ली सीट से उम्मीदवार नूपुर शर्मा ने अब आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल को खुद बहस की चुनौती दी है। दिल्ली विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान कई उम्मीदवारों ने दूसरी पार्टी के उम्मीदवार को एक मंच पर बहस की खुली चुनौती दी, लेकिन अभी तक कोई बहस हुई नहीं है। हमेशा बहस के लिए आतुर नजर आने वाले केजरीवाल क्या नूपुर शर्मा की चुनौती स्वीकार करेंगे!

दिल्ली विधानसभा चुनाव प्रचार का आज आखिरी दिन है। ऐसे में लगता नहीं है कि नूपुर और केजरीवाल के बीच बहस देखने को मिलेगी। नूपुर शर्मा ने बुधवार को एक ट्वीट कर केजरीवाल को बहस की चुनौती दी। नूपुर ने ट्वीट में लिखा, 'मैं दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और विधायक अरविंद केजरीवाल को खुली बहस की चुनौती देती हूं। वह बहस की मांग कर रहे थे, मैं उन्हें नई दिल्ली निर्वाचन क्षेत्र में इसके लिए आमंत्रित करती हूं।'

बता दें कि बहस के लिए चुनौती देने की शुरुआत अरविंद केजरीवाल ने ही की थी। सबसे पहले उन्होंने भाजपा की मुख्यमंत्री पद की उम्मीदवार किरण बेदी को बहस की चुनौती दी। लेकिन किरण बेदी ने इसके लिए यह कहकर मना कर दिया था कि वह सड़क पर नहीं केजरीवाल से विधानसभा में बहस करने की इच्छुक हैं।

इसके बाद कांग्रेस के नेता अजय माकन ने केजरीवाल और किरण बेदी को बहस के लिए ललकारा था। माकन ने तो यहां तक कह दिया था कि अगर किरण बेदी बहस के लिए नहीं आतीं, तो सिर्फ केजरीवाल के साथ बहस करने के लिए वो तैयार हैं। लेकिन केजरीवाल ने माकन की इस चुनौती को स्वीकार नहीं किया।


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शीला को भरोसा, दिल्‍ली में चौंकाने वाले होंगे नतीजे

दिल्ली विधानसभा चुनाव प्रचार का आखिरी दिन है और सभी पार्टियां प्रचार में अपना दमखम दिखा रही हैं। ऐसे मौके पर दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने लम्बे अर्से के बाद अपनी चुप्पी तोड़ी। पूरे चुनाव प्रक्रिया से दूर रही दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने प्रचार के आखिरी दिन प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि नतीजे चौंकाने वाले होंगे।

शीला दीक्षित ने एक निजी समाचार चैनल से बात करते हुए कहा कि राजधानी में मुकाबला त्रिकोणीय है। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि इस तरह की राजनीति पहले नहीं देखी है। भाजपा के पास कोई नीति नहीं है। केजरीवाल और बेदी के बीच जुबानी जंग हो रही है।

आपको बता दें कि 15 सालों तक दिल्ली की मुख्यमंत्री रही शीला दीक्षित ने इस बार चुनाव नहीं लड़ने का फैसला लिया था और इस बार वो पूरे चुनाव प्रकिया से दूर रही। 2013 में हुए विधानसभा चुनावों में अरविंद केजरीवाल ने शीला को नई दिल्ली सीट से हराया था।

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भाजपा का पलटवार, कहा-केजरीवाल भगवान ही भरोसे

दिल्ली के चुनावी दंगल में बयानों का दौर चरम पर है। आम आदमी पार्टी के संस्थापक अरविंद केजरीवाल ने कहा है कि इस समय भारतीय जनता पार्टी के पास पूरा सरकारी तंत्र है, लेकिन उनसे साथ भगवान हैं और जीत उन्हीं की होगी। वहीं भाजपा ने पलटवार करते हुए कहा कि केजरीवाल अब भगवान भरोसे ही हैं।

भाजपा ने इस समय दिल्ली विधानसभा चुनावों में अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। इस पर टिप्पणी करते हुए केजरीवाल ने ट्वीट किया है, 'महाभारत में श्रीकृष्ण से दुर्योधन ने सेना मांगी थी। अर्जुन ने श्रीकृष्ण का साथ मांगा था। आज भाजपा के पास सारा तंत्र है। हमारे साथ भगवान है।'

दूसरी ओर, भाजपा के प्रवक्ता शाहनवाज हुसैन ने केजरीवाल के ट्वीट पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि केजरीवाल अब भगवान के ही भरोसे हैं, जनता के भरोसे नहीं। वहीं पार्टी के एक अन्य प्रवक्ता संबित पात्रा ने कहा कि दिल्ली के विकास का चीरहरण करने वाले आज महाभारत की बात न ही करें तो अच्छा है।

दरअसल, भाजपा के सारे दिग्गज नेता दिल्ली के चुनावी दंगल में उतरे हुए हैं। लगभग सभी केंद्रीय मंत्री चुनाव प्रचार में जुटे हुए हैं। 13 राज्यों से कार्यकर्ताओं को दिल्ली में प्रचार के लिए उतारा गया है। दिल्ली में 7 फरवरी को विधानसभा चुनाव हैं। चुनाव के प्रचार का दौर आज शाम को खत्म हो जाएगा।

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Wednesday, 4 February 2015

खुद के सर्वे में 'आप' ने थपथपाई पीठ, केजरी सबसे पसंदीदा सीएम कैंडिडेट

दिल्ली में हो रहे विधानसभा चुनाव में किस पार्टी को मिलेगा बहुमत और कौन रहेगा हासिए पर यह जानने के लिए आम आदमी पार्टी की तरफ से सर्वे किया गया। 'आप' ने 35 विधानसभा क्षेत्रों में कुल 3188 लोगों से बातचीत की और उनसे यह जानने का प्रयास किया कि दिल्ली का सबसे पसंदीदा मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार कौन है?
सर्वे में शामिल छह फीसद लोगों के सामने कोई विकल्प नहीं था। सात फीसद लोगों ने अजय माकन को बताया कि वे अच्छे मुख्यमंत्री हो सकते हैं। 34 फीसद लोगों ने कहा कि किरण बेदी दिल्ली के लिए अच्छी मुख्यमंत्री साबित हो सकती हैं। जबकि अरविंद केजरीवाल के बारे में लोगों की राय बिल्कुल जुदा थी। 53 फीसद लोगों ने कहा कि अरविंद केजरीवाल दिल्ली के सबसे अच्छे मुख्यमंत्री हो सकते हैं।
'आप' नेता योगेंद्र यादव ने बताया कि हमने इन लोगों से यह सवाल किया था कि आपके मुताबिक कौन दिल्ली का सबसे अच्छा मुख्यमंत्री हो सकता है। उनके सामने हमने तीन नाम रखे थे। अजय माकन, किरण बेदी और अरविंद केजरीवाल का, जिसमें सबसे पसंदीदा अरविंद केजरीवाल रहे। वहीं, मतदान प्रतिशत की बात करें तो सर्वे के मुताबिक 46 फीसद वोट आम आदमी पार्टी को मिलने की उम्मीद है, जबकि 33 फीसद वोट भारतीय जनता पार्टी को मिलने की उम्मीद की जा रही है।
वहीं, सीटों की बात करें तो आम आदमी पार्टी अपने आंतरिक सर्वे में खुद को 51 सीटें दे रही है जबकि भाजपा को 15 सीटें और कांग्रेस महज चार सीटें ही मिल रही है।
आपको बता दें, इसके पूर्व अन्य समाचार चैनल्स के सर्वे में भी आम आदमी पार्टी को सबसे अधिक सीटें मिलने की संभावना जताई गई है। आप के मुकाबले भारतीय जनता पार्टी की स्थिति कमजोर बताई जा रही है, जबकि कांग्रेस को हासिए पर बताया जा रहा है।

मोदी बात करते हैं मेक इन इंडिया की, पहनते हैं विदेशी सूटः राहुल

 दिल्ली की चुनावी जंग में प्रचार का दौर चरम पर है। प्रचार के लिए अब सिर्फ दो दिनों का समय बचा है, ऐसे में सभी पार्टियों ने कमर कस ली है। कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने भी जहांगीरपुरी में एक रैली को संबोधित किया। रैली के बाद राहुल का रोड शो जारी है जिसमें लोगों की मौजूदगी ठीक ठाक है।

इससे पहले, जहांगीरपुरी में रैली शो को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि अगर हम विधानसभा चुनाव जीतते हैं, तो अगले दो सालों में दिल्ली को पूर्ण राज्य का दर्जा दिला देंगे। हम दिल्ली में हर आदमी को छत देंगे। उन्होंने कहा कि हम एक हफ्ते कें अंदर कॉन्ट्रैक्ट प्रथा को खत्म करेंगे और दो साल के अंदर पूरी दिल्ली को मालिकाना हक देंगे।

राहुल गांधी ने कांग्रेस सरकार की उपलब्धियों को गिनाते हुए बताया कि हमने आम लोगों को सूचना का अधिकार दिया। इसके अलावा कांग्रेस ने मनरेगा से करोड़ों लोगों की जिंदगी बदली है। इसके बाद राहुल गांधी ने रैली में मौजूद जनता से पूछा कि क्या आपकी जिंदगी में कोई बदलाव आया है? महंगाई नहीं थमी है, सब्जियों के दाम कम हुए हैं?

उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी ने लोकसभा चुनाव के दौरान ढेरों वादे किए थे, लेकिन मैंने तब भी कहा था कि एक व्यक्ति पूरा देश नहीं बदल सकता। राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'मेक इन इंडिया' प्रोग्राम पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी भ्रष्टाचार की बात करते हैं। लेकिन वह खुद 10 लाख रुपये का सूट पहनते हैं, जो विदेश में बना है और बात करते हैं मेक इन इंडिया की। वादे करना बड़ा आसान है, लेकिन उन्हें निभाना बहुत मुश्किल। उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी के दो-तीन दोस्त हैं ज्यादा नहीं। बस उन्हीं को फायदा मिल रहा है।

Tuesday, 3 February 2015

आप के 'काला चंदा' को लेकर 'आवाम' ने पेश किए सबूत

फर्जी कंपनी से चंदे के रूप में काला धन लेने के मामले में एनजीओ 'आवाम' ने आम आदमी पार्टी पर एक बार फिर हमला बोला है। केजरीवाल के चेक से चंदा लेने दावे पर पलटवार करते हुए एनजीओ ने कहा है कि पार्टी ने कैश देकर कंपनी से चेक लिए। इससे साफ जाहिर होता है कि काले धन को सफेद किया गया।

अन्ना आंदोलन में अहम भूमिका निभाने वाले आप के पुराने सदस्यों के एक मंच एनजीओ आवाम के कार्यकर्ता गोपाल गोयल ने मंगलवार को एक प्रेस कांफ्रेंस में आम आदमी पार्टी पर चंदे के रूप में काला धन लेने के सबूत पेश किए। एनजीओ ने कहा कि आप ने कैश देकर कंपनी से चेक लिए गए। इसके बदले कंपनी से कमीशन के पैसे लिए गए। उन्होंने सबूत के तौर पर वह चेक भी मीडिया के सामने पेश किए।

एनजीओ ने कहा कि चेक से आया हर पैसा सही नहीं होता। इस खेल के पीछे यह स्पष्ट होता है कि कैश और चेक के आदान-प्रदान के पीछे काले धन को सफेद किया गया।

गौरतलब है कि आवाम ने सोमवार को एक प्रेस कांफ्रेंस में दावा किया था कि आप ने चार फर्जी कंपनियों-गोल्डमाइन बिल्डकॉन प्रा. लि., इनफोलेंस सॉफ्टवेयर सॉल्यूशन प्रा. लि., सन विजन एजेंसी और स्काई लाइन मैटल एंड एलॉय लिमिटेड से दो करोड़ रुपये चंदा लिया है। इस पर केजरीवाल ने कहा था कि पार्टी चेक से चंदा लेती है और यह पता नहीं करती चेक देने वाले ने पैसा किस तरह कमाया है।



Saturday, 31 January 2015

किरण ने कुमार विश्वास के खिलाफ दर्ज कराई पुलिस शिकायत

दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के मुख्यमंत्री पद की उम्मीदवार किरण बेदी ने आम आदमी पार्टी (आप) के नेता कुमार विश्वास के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। बेदी ने कुमार विश्वास की कथित अापत्तिजनक टिप्पणी पर यह शिकायत दर्ज कराई है। इसके साथ ही पार्टी की ओर से चुनाव आयोग में भी इस घटना की शिकायत दर्ज करा दी गई है। 

किरण बेदी का आरोप है कि हाल ही में एक रैली के दौरान कुमार विश्वास ने अपनी पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में अभद्र टिप्पणी की थी। भाजपा नेता शहनवाज हुसैन ने इस मामले में कहा था कि पार्टी चुनाव आयोग के पास भी इसकी शिकायत करेगी। 

शहनवाज हुसैन ने आम आदमी पार्टी को महिला विरोधी बताते हुए कहा कि आप एक महिला विरोधी पार्टी है। तभी उनकी कई महिला कार्यकर्ताओं ने पार्टी छोड़ दी है।

Friday, 30 January 2015

भाजपा ने केजरी को दी शाजिया इल्मी से बहस करने की चुनौती

राजधानी दिल्ली में हो रहे विधानसभा चुनाव में भाजपा और आप के बीच कांटे की टक्कर हो रही है। इस घमासान में दोनों ही पार्टियां एक दूसरे पर हमले का कोई मौका चूकना नहीं चाहती है। इन दिनों भाजपा ने आप पर हमले तेज कर दिए हैं। आज लगातार दूसरे दिन भाजपा ने केजरीवाल से पांच सवाल पूछे हैं। इसके साथ ही भाजपा ने अरविंद केजरीवाल को शाजिया इल्मी से बहस करने की चुनौती भी दी है।
आज एक संवाददाता सम्मेलन में भाजपा की निर्मला सीतारमन ने आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल के लिए 5 सवालों की दूसरी किश्त पेश की। सीतारमन ने कहा कि केजरीवाल ने अब तक पिछले सवालों के जवाब नहीं दिए हैं। उन्होंने कहा कि जनता उनके जवाब सुनकर ही वोट दे। उन्होंने कहा कि कुछ लोग कह रहे हैं कि हम पुराने सवाल उठा रहे हैं, लेकिन हम वही सवाल पूछ रहे हैं जिनके जवाब आप ने अब तक नहीं दिए हैं।
आज हैं भाजपा के ये पांच सवालः---
1. चुनाव के चंदे का हिराब क्यों नहीं देती आम आदमी पार्टी? आम आदमी पार्टी देश के बाहर से फंड ले रही है।
2. आम आदमी पार्टी भारत विरोधी तत्वों से मिलकर दिल्ली में कैंपेन क्यों चला रही है? बांग्लादेश, दुबई से वोट मांगने के लिए फोन क्यों किए जा रहे हैं?
3. आप महिला विरोधी क्यों है? पार्टी से महिला नेताओं का पलायन हो रहा है।
4. चुनाव आयोग समेत संवैधानिक संस्थाओं का अपमान क्यों करती है 'आप'?
5. आप ने दिल्ली में लोकायुक्त को मजबूत क्यों नहीं बनाया?

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भाजपा के पास दिल्‍ली में विकास का एजेंडा नहीं: केजरीवाल

आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने भारतीय जनता पार्टी द्वारा घोषणापत्र जारी न करने के फैसले पर खिंचाई की है। केजरीवाल का कहना है कि मैनिफेस्टो जारी न करना बताता है कि भाजपा के पास कोई विजन या एजेंडा नहीं है। दिल्ली विधानसभा चुनावों के लिए आम आदमी पार्टी अपना घोषणापत्र शानिवार को जारी करने जा रही है।

बता दें कि गुरुवार को भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की अगुवाई में हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया कि दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी घोषणा पत्र जारी नहीं करेगी। भाजपा इस बार सिर्फ विजन डॉक्यूमेंट जारी करेगी। इस पर केजरीवाल ने कहा है, 'अगर भाजपा के पास यह बताने के लिए नहीं है कि वह चुनाव के बाद क्या करेगी, तो वह दिल्ली में शासन कैसे करेगी।'

उधर भाजपा द्वारा पांच सवाल पूछने के सवाल पर केजरीवाल ने कहा कि वह सिर्फ पांच नहीं 1000 सवालों के जवाब देने के लिए तैयार हैं। लेकिन क्यों नहीं भाजपा खुले में बहस करती है, जो लोकतंत्र को मजबूत करेगा। बता दें कि इससे पहले भी केजरीवाल भाजपा की मुख्यमंत्री पद की उम्मीदवार किरण बेदी को खुली बहस की चुनौती दे चुके हैं। लेकिन किरण बेदी ने यह कहकर इसके लिए मना कर दिया था कि वह सड़क पर नहीं विधानसभा में बहस करेंगी। दिल्ली में 7 अप्रैल को विधानसभा चुनाव होने हैं।

Thursday, 29 January 2015

'आप' का केवल एक लक्ष्य, कांग्रेस सत्ता में न आने पाएः राहुल गांधी

दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए प्रचार अपने सबाब पर पहुंच रहा है। जहां भाजपा तेरह राज्यों से नेताओं को बुलाकर चुनाव प्रचार करने की योजना को मूर्त रूप देने जा रही है। वहीं, आप और कांग्रेस भी पूरे दमखम के साथ प्रचार में उतर गई हैं। जहां आम आदमी पार्टी हर रोज नुक्कड़ सभाओं के जरिए मतदाताओं को लुभाने की कोशिश कर रही है तो कांग्रेस भी पूरा एड़ी-चोटी का जोर लगा रही है।

आज सीलमपुर में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने आप और भाजपा दोनों पर जमकार निशाना साधा। राहुल ने कहा कि आम आदमी पार्टी का केवल एक लक्ष्य है कांग्रेस को सत्ता से बाहर देखना। उन्होंने कहा कि जितने भी आप के नेताओं ने पार्टी छोड़ी वे सब के सब भाजपा में चले गए। वहीं भाजपा पर वार करते हुए उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी अपने एक भी वादे नहीं पूरी कर पाई है। दोनों ही पार्टियां सपना देख रही हैं कि कांग्रेस सत्ता में दोबारा ना आए। लेकिन उनका यह कपना कभी पूरा होने वाला नहीं है। उन्होंने कहा कि दिल्ली सबकी है। जब तक सबका विकास नहीं होगा तब तक दिल्ली का विकास नहीं हो सकता है।

भारतीय जनता पार्टी केवल कुछ उद्योगपतियों की भलाई के लिए काम कर रही है। राहुल ने कहा कि कांग्रेस पार्टी कमजोर नहीं होने वाली है। राहुल ने आप पर निशाना साधते हुए कहा कि यूपीए सरकार के दौरान दिल्ली में रेप होते थे तो केजरीवाल धरना देते थे। जब से केंद्र में एनडीए की सरकार बनी है। रेप तीस फीसद बढ़ा है। अब केजरीवाल कहां है। अब वे धरने पर क्यों नहीं बैठते हैं। यूपीए के कार्यकाल में अरविंद केजरीवाल भ्रष्टाचार और बलात्कार का मुद्दा उठाते थे। क्या अब उनको यह सब नहीं दिखाई देता है। राहुल गांधी ने वार भाजपा पर किया और सवाल आप से पछा। उन्होंने कहा कि कालाधन कहां है और उसको वापस लाने के लिए धरना देने वाले अब कहां चले गए।

Wednesday, 28 January 2015

भाजपा से मेरे संबंध मधुर थे, तो केजरीवाल क्यों बनाना चाहते थे सीएमः किरण

दिल्ली विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी की मुख्यमंत्री पद की घोषित उम्मीदवार किरण बेदी ने आम आदमी पार्टी पर पलटवार किया है। किरण ने कहा है कि अगर वे आंदोलन के समय से ही भारतीय जनता पार्टी के प्रति नरम थीं तो आम आदमी पार्टी की तरफ से उन्हें मुख्यमंत्री बनने का ऑफर क्यों किया था? आज एक संवाददाता सम्मेलन में बात करते हुए किरण ने कहा कि अगर उनके ऊपर 'आप' को भरोसा नहीं था तो इतना बड़ा पद देने का ऑफर क्यों किया गया था?

गौरतलब है कि आम आदमी पार्टी के नेता कुमार विश्वास ने कहा था कि किरण बेदी इंडिया अगेंस्ट करप्शन के समय से ही भारतीय जनता पार्टी के प्रति नरम रुख रखती थी। कुमार विश्वास ने किरण बेदी के ऊपर यह आरोप उनके भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने के बाद लगाए थे। इसके पहले अन्ना हजारे के आंदोलन के समय भ्रष्टाचार के खिलाफ आंदोलन में ये सभी लोग एक साथ थे।

उधर, कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने कहा है कि अगर अरविंद केजरीवाल ने किरण बेदी को मुख्यमंत्री पद का ऑफर दिया था तो उन्हें यह बात लोगों के सामने लाना चाहिए।

अन्‍ना हजारे करेंगे मोदी सरकार के खिलाफ प्रदर्शन !

सामाजिक कार्यकर्ता और गांधीवादी नेता अन्ना हजारे ने नरेंद्र मोदी सरकार के खिलाफ भ्रष्टाचार के मुद्दे पर मोर्चा खोलने का ऐलान किया है। सूत्रों की मानें तो अन्ना हजारे मोदी सरकार के खिलाफ जल्द प्रदर्शन कर सकते हैं। अन्ना हजारे का कहना है कि मोदी सरकार ने भ्रष्टाचार मिटाने का वादा किया था, लेकिन वो वादा पूरा नहीं किया है।

अन्ना हजारे अगर मोदी सरकार के खिलाफ इस वक्त प्रदर्शन करते हैं, तो दिल्ली विधानसभा चुनाव में एक अन्य रोचक मोड़ आ सकता है। किरण बेदी को सीएम प्रत्याशी घोषित कर बीजेपी ने पहले ही माहौल गर्म कर दिया है।

बता दें कि एक समय इंडिया अगेंस्ट करप्शन के आंदोलन में अन्ना के अहम साथी रहे अरविंद केजरीवाल और किरण बेदी आज विपक्षी पार्टियों में हैं। केजरीवाल आम आदमी पार्टी के मुखिया हैं, तो किरण बेदी को भाजपा ने मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित किया है। दिल्ली में चुनावी दंगल में केजरीवाल और किरण बेदी एक-दूसरे के खिलाफ लगातार बयानबाजी कर रहे हैं।

Tuesday, 27 January 2015

'जदयू' के 'आप' को दिल्‍ली में समर्थन देने से तिलमिलाई कांग्रेस

जनता दल यूनाइटेड के प्रदेश अध्यक्ष बशिष्ठ नारायण सिंह ने दिल्ली विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी का समर्थन करने का एलान किया है। कांग्रेस की नाराजगी की परवाह न करते हुए जदयू ने साफ कर दिया है कि वह अरविंद केजरीवाल की आम आदमी पार्टी को समर्थन करने को तैयार है। इस मुद़दे पर जब उनसे कांग्रेस की नाराजगी का सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि कांग्रेस से उनका तालमेल सिर्फ बिहार तक ही सीमित है।

सिंह ने साफतौर पर कहा कि बिहार के बाहर जदयू किसी को भी समर्थन दे सकती है और ले सकती है, इसके लिए पार्टी पूरी तरह से आजाद है। हालांकि इस बार में जब पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव केसी त्यागी से बात की गई तो उनका कहना था कि अभी इस पर अंतिम निर्णय नहीं हुआ लेकिन आप को समर्थन देने का प्रपोजल जरूर है। उनका कहना था कि दिल्ली चुनाव में सपा और राजद ने भी अपने प्रत्याशी मैदान में उतारे हैं। ऐसी स्थिति में यदि वह कुछ नहीं कर पाते हैं तो पार्टी आप को समर्थन दे सकती है।


गौरतलब है कि नीतीश कुमार के केजरीवाल के समर्थन में चुनाव प्रचार करने पर बिहार कांग्रेस के प्रवक्ता प्रेम चंद्र मिश्रा ने कड़ी नाराजगी जताई थी। उनका कहना था कि जदयू की इस तरह की बात करना कांग्रेस की भावनाओं के साथ खिलवाड़ करने जैसा है। उनका कहना था कि ऐसे स्थिति में जब बिहार में उनकी सरकार को कांग्रेस समर्थन कर रही है तब उन्हें इस तरह की बातें नहीं करनी चाहिए। उन्होंने जदयू को यह कहते हुए धमकी भी दी है कि यदि वह आप को समर्थन देती है तो केंद्रीय नेतृत्व उन्हें बिहार में समर्थन देने पर फिर से विचार कर सकती है।

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Thursday, 22 January 2015

'आप' में तानाशाही, कई बड़े नेता हाशिए परः शाजिया इल्मी

आम आदमी पार्टी के टिकट पर विधानसभा और लोकसभा का चुनाव लड़कर हार चुकी शाजिया इल्मी ने भाजपा में शामिल होने के बाद केजरीवाल और उनकी पार्टी पर गंभीर आरोप लगाया है। शाजिया ने कहा है कि इस बात की जानकारी नहीं हो पाती है कि पार्टी को कौन चलाता है और उसके बारे में जानकारी किसी को नहीं दी जाती है। आम आदमी पार्टी का असली चेहरा अब उजागर हो चुका है। वे उसी तरह का व्यवहार करते हैं जैसा वह दूसरों पर आरोप लगाते हैं। आम आदमी पार्टी में वही रह सकता है जो अरविंद केजरीवाल के करीब हो और मनीष सिसोदिया की हां में हां मिलाए। आम आदमी पार्टी में बहुत से नेताओं को हाशिए पर कर दिया गया है, जो आम आदमी पार्टी के अंदर तानाशाही का रवैया है।

आम आदमी पार्टी कॉर्पोरेट बनती जा रही है। हमने राजनीति को बदलने की कोशिश की लेकिन गलत नीतियों की वजह से संभव नहीं हो पाया। यह कुछ उस तरह से है कि कोई व्यक्ति अंदर से पार्टी को चला रहा है, लेकिन उस पर कोई भी सवाल नहीं किया जाना चाहिए, अन्यथा उसे बाहर का रास्ता दिखा दिया जाएगा। बड़े दुर्भाग्य की बात है कि आम आदमी पार्टी में अच्छे उम्मीदवारों को बदल कर गुंडों को टिकट दिया जा रहा है।

वहीं केजरीवाल के खिलाफ नई दिल्ली विधानसभा सीट से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ रही किरण वालिया ने कहा है कि केजरीवाल ने नामांकन पत्र दाखिल करते समय अपने शपथपत्र में एक एफआइआर का जिक्र नहीं किया है जो गंभीर सूचना को छुपाने की तरह है। उनके नामांकन पत्र को अभी तक खारिज नहीं किया गया है। हम उसके खिलाफ हाइकोर्ट जाएंगे और उसके खिलाफ लड़ाई लड़ेंगे।

Tuesday, 20 January 2015

बहस की चुनौती माकन को स्‍वीकार, बेदी को काम में यकीन

आम आदमी पार्टी (आप) के संयोजक अरविंद केजरीवाल द्वारा सार्वजनिक बहस की चुनौती को जहां कांग्रेस नेता अजय माकन ने स्वीकार कर लिया है, वहीं किरण बेदी ने कहा है कि केजरीवाल जीतकर आएं तो हम विधानसभा में बहस को तैयार हैं। केजरीवाल ने 2013 के विधानसभा चुनाव में भी दिल्ली की तत्कालीन मुख्यमंत्री शीला दीक्षित को भी बहस की चुनौती दी थी, हालांकि उन्होंने इसे स्वीकार नहीं किया।

केजरीवाल के न्योते का जवाब देते हुए बेदी ने कहा कि मुझे उनकी चुनौती मंजूर है। वह जीत कर आएंगे तो हम विधानसभा बहस करेंगे। उन्होंने कहा कि अरविंद सिर्फ सड़क पर बहस में विश्वास करते हैं, मैं डिलिवरी में विश्वास करती हूं। ट्विटर पर ब्लॉक करने के सवाल पर बेदी ने कहा कि वह बहुत परेशान दिख रहे हैं, मैंने उन्हें सवा साल पहले ही ब्लॉक किया था जब उन्होंने कहा था कि मैं अराजकतावादी हूं। मैंने कई अन्य लोगों
को भी ब्लॉक किया है, जो नकारात्मकता फैलाते हैं।

मंगलवार को सुबह केजरीवाल ने ट्विटर पर कहा, किरण जी, मैं आपको ट्विटर पर फॉलो करता था, लेकिन अब आपने मुझे ब्लॉक कर दिया है। कृपा करके मुझे अनब्लॉक कर दें। उन्होंने ट्वीट में आगे कहा, मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार होने पर आपको बधाई। मैं आपको सार्वजनिक बहस के लिए न्योता देता हूं, जिसे कोई तटस्थ व्यक्ति होस्ट करे और सभी जगह इसका प्रसारण हो।

इससे पहले केजरीवाल ने सोमवार को भी किरण बेदी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि बेदी अगर भाजपा की फंडिंग को पारदर्शी बना पाईं तो वह उनके साथ होंगे। वहीं, बेदी द्वारा दिल्ली के विकास को लेकर बताए गए फार्मूले पर केजरीवाल ने कहा कि फार्मूला नहीं, जनता सस्ती बिजली व पानी चाहती है। फार्मूलों से दिल्ली का भला नहीं होगा।केजरीवाल ने यह बातें एक निजी चैनल को दिए साक्षात्कार के दौरान कहीं।

उन्होंने कहा कि किरण बेदी 'आप' के लिए नहीं, भाजपा के लिए चुनौती हैं। बेदी अगर भाजपा की फंडिंग प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने की कोशिश करें, पार्टी को आरटीआइ के दायरे में लाएं, निहालचंद जैसे लोगों के खिलाफ अभियान चलाएं तो वह उनके साथ होंगे। जनता बेदी को तभी एक्शन मोड में देखेगी जब वह भाजपा के अंदर सफाई अभियान चला सकें। अभी तो वैसा ही है, जैसे पहले कांग्रेस ने पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह का चेहरा आगे करके देश को लूटा। भाजपा किरण बेदी के सहारे वही काम करेगी।

Monday, 19 January 2015

भाजपा की बैठक आज, सीएम पद की प्रत्याशी होंगी किरण!

दिल्ली विधानसभा चुनाव के मद्देनजर भाजपा चुनाव समिति की बैठक आज शाम 7 बजे होगी। बैठक में भाजपा अपने सभी उम्मीदवारों के नामों की घोषणा भी कर सकती है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार के लिए किरण बेदी के नाम पर भी मोहर लगाई जा सकती है।

भाजपा की केंद्रीय चुनाव समिति और संसदीय बोर्ड की बैठक में आज ही सभी उम्मीदवारों के नामों की घोषणा की जा सकती है। दिल्ली में 21 जनवरी को नामांकन दाखिल करने का आखिरी दिन है। बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पार्टी अध्यक्ष अमित शाह भी शामिल होंगे। बैठक में किरण बेदी की भूमिका पर भी निर्णायक निर्णय लिया जा सकता है।

भाजपा ने दिल्ली में पिछला विधानसभा चुनाव डॉ. हर्षवर्धन को आगे रखकर लड़ा था। वहीं, महाराष्ट्र, हरियाणा, झारखंड और जम्मू-कश्मीर का विधानसभा चुनाव में पार्टी ने किसी को भी मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित नहीं किया था।

किरण बेदी पर दिए बयान पर मनोज तिवारी ने दी सफाई

भाजपा नेता और पूर्वी दिल्ली से सांसद मनोज तिवारी ने किरण बेदी पर दिए अपने पूर्व के बयान पर सफाई दी है। तिवारी ने कहा है कि उन्होंने सिर्फ अपने मन की बात अपने शब्दों में कही थी। इससे यदि किसी को ठेस पहुंची है तो उन्हें खेद है। गौरतलब है कि दो दिन पहले ही उन्होंने कहा था कि वह नहीं मानते हैं कि भाजपा किरण बेदी को दिल्ली का सीएम बनाएगी। इस बयान के बाद उन्हें पार्टी के अंदर ही काफी नाराजगी झेलनी पड़ी थी। पार्टी में हो रही आलोचना के बाद ही उन्होंने अपने बयान पर सफाई दी है।

भाजपा सांसद ने उन खबरों का भी खंडन किया है जिसमें कहा गया था कि उनके बयान के बाद पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने उन्हें फोन पर फटकार लगाई थी। इस बाबत उन्होंने कहा कि यह सभी बातें कोरी अफवाह हैं, इनका सच्चाई से कोई लेना-देना नहीं है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि वह किरण बेदी के पार्टी में आने से खुश हैं।इस दौरान उन्होंने आप पर भी जमकर हमला बोला। तिवारी ने कहा कि आने वाले विधानसभा चुनाव में आप को मुंह की खानी होगी और उसके विधायक सिमट कर छह से आठ ही रह जाएंगे।

किरण बेदी के भाजपा में शामिल होने के बाद और उन्हें चुनाव की कमान सौंपे जाने के बाद पार्टी के अंदर कई कई नेताओं के चेहरे फीके पड़ गए हैं। हालांकि उनके सीएम प्रत्याशी होने पर अभी तक कोई आधिकारिक फैसला नहीं हुआ है। दो दिन पूर्व ही पार्टी अध्यक्ष और गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने यह साफ कर दिया था कि दिल्ली के सीएम पद पर प्रत्याशी का फैसला केंद्रीय संसदीय बोर्ड करेगा।

पार्टी द्वारा चुनाव की कमान सौंपे जाने के बाद किरण बेदी पूरी तरह से चुनावी दंगल में कूद गई हैं। उन्होंने कल ही एमसीडी अधिकारियों से बात की और भाजपा नेताओं के साथ चुनाव की रणनीति भी बनाई। उन्होंने अपना चुनावी कार्यक्रम भी तैयार कर लिया है। इसके तहत वह रोज पांच सभाएं करेंगी और रोड शो का भी हिस्सा बनेंगी।